पूर्व विधायक राजकुमार के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने मंगलवार को जिला निर्वाचन अधिकारी से मुलाकात कर विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया के दौरान सामने आ रही समस्याओं, बीएलओ द्वारा वितरित नोटिसों में त्रुटियों तथा दस्तावेज सत्यापन में आ रही कठिनाइयों को लेकर विस्तृत चर्चा की।
राजकुमार ने कहा कि विशेष रूप से मलिन बस्तियों में रहने वाले हजारों मतदाताओं को इस प्रक्रिया में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अधिकांश लोगों के पास निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित 11 प्रकार के दस्तावेज उपलब्ध नहीं हैं। कई बस्तियों में मकानों का भूमि कर (टैक्स) पंजीकरण भी नहीं है, जिससे लोग अपने निवास संबंधी रिकॉर्ड प्रस्तुत नहीं कर पा रहे हैं।
उन्होंने मांग की कि आयुष्मान कार्ड, पुराने बिजली-पानी के बिल, राशन कार्ड, कक्षा 5 व 8 की अंकतालिकाओं सहित अन्य सामान्य पहचान एवं निवास संबंधी दस्तावेजों को भी सत्यापन के लिए मान्य किया जाए, ताकि कोई भी पात्र मतदाता केवल दस्तावेजों के अभाव में अपने मताधिकार से वंचित न हो।
जिला निर्वाचन अधिकारी ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुनते हुए नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया। प्रतिनिधिमंडल में पूर्व महानगर अध्यक्ष लाल चंद शर्मा, पार्षद प्रमोद कुमार गुप्ता, पार्षद वीरेंद्र बिष्ट, दानिश कुरैशी, नमन कुमार सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।