राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी) के तत्वावधान में तथा ब्लॉक विज्ञान समन्वयक सरदार दलजीत सिंह के संयोजन में महादेवी कन्या पाठशाला इंटर कॉलेज, रायपुर में ब्लॉक स्तरीय विज्ञान महोत्सव का भव्य आयोजन किया गया। महोत्सव का मुख्य विषय “सतत एवं विकसित भारत के लिए विज्ञान, प्रौद्योगिकी और नवाचार” रहा। आयोजन का उद्देश्य विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, रचनात्मकता, नवाचार और समस्या-समाधान की क्षमता विकसित करना था।
दीप प्रज्वलन से हुआ शुभारंभ
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि एवं शहर के प्रतिष्ठित हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. के. बी. जोशी ने दीप प्रज्वलित कर एवं फीता काटकर किया। विद्यालय के एनसीसी कैडेट्स ने मुख्य अतिथि को गार्ड ऑफ ऑनर दिया। इस अवसर पर एमकेपी इंटर कॉलेज की प्रधानाचार्य श्रीमती अर्चना पंत, खंड शिक्षा अधिकारी रायपुर श्रीमती हेमलता गौड़ उनियाल तथा जिला समन्वयक सुधीर कांति ने भी दीप प्रज्वलित किया। विद्यालय की छात्राओं ने स्वागत गीत एवं सरस्वती वंदना प्रस्तुत कर कार्यक्रम को गरिमामय शुरुआत दी।
ब्लॉक विज्ञान समन्वयक सरदार दलजीत सिंह एवं जिला समन्वयक सुधीर कांति ने विद्यार्थियों को विज्ञान, प्रौद्योगिकी और नवाचार की उपयोगिता से अवगत कराते हुए वैज्ञानिक प्रश्न पूछने, प्रयोग करने तथा दैनिक जीवन की समस्याओं के समाधान के लिए नए विचार विकसित करने को प्रेरित किया।
विज्ञान प्रदर्शनी में प्रस्तुत किए मॉडल और प्रोटोटाइप
विज्ञान प्रदर्शनी में रायपुर ब्लॉक के विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। बाल वैज्ञानिकों ने वैज्ञानिक मॉडलों एवं प्रोटोटाइपों के माध्यम से अपनी तकनीकी समझ, रचनात्मकता और व्यावहारिक ज्ञान का प्रदर्शन किया। मुख्य अतिथि, विशिष्ट अतिथियों एवं अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर विद्यार्थियों से उनके मॉडलों की कार्यप्रणाली और उपयोगिता की जानकारी ली तथा उनके प्रयासों की सराहना की।
प्रदर्शनी में जूनियर वर्ग के 51 और सीनियर वर्ग के 92 विद्यार्थियों ने भाग लिया। इस प्रकार विज्ञान प्रदर्शनी में कुल 143 छात्र-छात्राओं ने अपनी परियोजनाएं प्रस्तुत कीं।
विज्ञान नाटक प्रतियोगिता में सामाजिक सरोकारों की प्रभावशाली प्रस्तुति
महोत्सव के अंतर्गत “मानव जाति के कल्याण के लिए विज्ञान और प्रौद्योगिकी” विषय पर विज्ञान नाटक प्रतियोगिता आयोजित की गई। विभिन्न विद्यालयों के विद्यार्थियों ने नाट्य प्रस्तुतियों के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण, स्वास्थ्य जागरूकता, विज्ञान की सामाजिक उपयोगिता और मानव कल्याण जैसे विषयों को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया। प्रतियोगिता में 109 बच्चों ने प्रतिभाग किया।
नाटकों के माध्यम से विद्यार्थियों ने विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के सकारात्मक उपयोग और सामाजिक समस्याओं के समाधान में उनकी भूमिका को रेखांकित किया।
निर्णायक मंडल ने किया प्रस्तुतियों का मूल्यांकन
विभिन्न प्रतियोगिताओं के निर्णायक मंडल में सुनील दत्त रतूड़ी, सुरेश रावत, राजेंद्र बेलवाल, श्रीमती कामना डिमरी, डॉ. वंदना खंडूरी, श्रीमती योगिता भट्ट, रविंद्र भट्ट, अनूप नेगी तथा हेमवन्ति सती आदि शामिल रहे।
निर्णायक मंडल ने वैज्ञानिक मॉडलों, प्रोटोटाइपों और विज्ञान नाटकों का मूल्यांकन करते हुए विद्यार्थियों की विषयगत समझ, मौलिकता, प्रस्तुतीकरण एवं व्यावहारिक उपयोगिता पर ध्यान दिया। निर्णायकों ने प्रतिभागियों के प्रयासों की सराहना करते हुए उन्हें आगे भी वैज्ञानिक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रोत्साहित किया।
विज्ञान नाटक प्रतियोगिता के परिणाम
प्रतियोगिता में निम्नलिखित विद्यालयों ने स्थान प्राप्त किए—
प्रथम स्थान: सनातन धर्म इंटर कॉलेज (बन्नू), देहरादून।
द्वितीय स्थान: एमकेपी इंटर कॉलेज, देहरादून।
तृतीय स्थान: पीएम श्री राजकीय बालिका इंटर कॉलेज, राजपुर रोड, देहरादून।
इसके अतिरिक्त “सतत एवं विकसित भारत के लिए विज्ञान, प्रौद्योगिकी और नवाचार” सहित विभिन्न विषयों पर आयोजित प्रतियोगिताओं के विजेताओं को प्रमाणपत्र एवं पुरस्कार प्रदान किए गए।
मुख्य अतिथि ने स्वच्छता, स्वास्थ्य और नशामुक्त जीवन पर दिया जोर
मुख्य अतिथि डॉ. के. बी. जोशी ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए स्वच्छता एवं स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि स्वस्थ शरीर और स्वच्छ पर्यावरण बेहतर भविष्य का आधार हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने, स्वास्थ्य का ध्यान रखने तथा अनुशासन और एकाग्रता के साथ अध्ययन करने की सलाह दी। साथ ही, उन्होंने विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी का उपयोग समाज और मानव कल्याण के लिए करने पर बल दिया।
शिक्षकों एवं आयोजकों का रहा महत्वपूर्ण योगदान
कार्यक्रम का संचालन संयुक्त रूप से श्रीमती स्मिता सेमवाल, श्रीमती विनीता खर्कवाल एवं श्रीमती भावना नैथानी ने किया।
इस अवसर पर सह-समन्वयक सुरेंद्र कुमार सहगल, ब्लॉक मंत्री नवीन पुंडीर, अभिषेक गुप्ता, डॉ. रीना अग्रवाल, देवेन्ति प्रजापति, श्रीमती अंशुल वालिया, श्रीमती अंजलि नौटियाल, लता हटाला, श्रीमती गीता वर्मा, उमा शर्मा, कल्पना, लता राणा, शशि, सुमन तथा किरन सिंह आदि उपस्थित रहे।
विकसित भारत की दिशा में प्रेरणादायी पहल
ब्लॉक स्तरीय विज्ञान महोत्सव में विज्ञान प्रदर्शनी के 143 तथा नाटक प्रतियोगिता के 109 प्रतिभागियों सहित कुल 252 विद्यार्थियों ने भाग लिया। इस आयोजन ने विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने, वैज्ञानिक अवधारणाओं को व्यावहारिक रूप देने और नवाचारी विचार साझा करने का अवसर प्रदान किया।
महोत्सव ने यह संदेश दिया कि विज्ञान, प्रौद्योगिकी और नवाचार सतत विकास, पर्यावरण संरक्षण, स्वास्थ्य संवर्धन तथा सामाजिक कल्याण के महत्वपूर्ण आधार हैं। ऐसे आयोजन विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण और तार्किक चिंतन विकसित करने के साथ उन्हें विकसित भारत के निर्माण में योगदान देने के लिए प्रेरित करते हैँ.